ओशो की सेक्रेटरी व प्रेमिका आनंदशिला के अनुसार क्या था ओशो..?
ओशो की सेक्रेटरी व प्रेमिका आनंदशिला के द्वारा ओशो का खुलासा..? व्यभिचारी रजनीश या 'ओशो' संभोग व ड्रग्स - वेश्यालय का पंथ चलाने के लिए कुख्यात है। जो कि अनके अनेक देशो द्वारा खदेडा गया । एक जमाने में रजनीश ओशो की सबसे करीबी और प्रिय रहीं, आनंद शीला ने अपनी किताब में उनके बारे में कई बातें लिखी हैं। आनंद शीला ने किताब 'डोंट किल हिम! द स्टोरी ऑफ माई लाइफ विद भगवान रजनीश' लिखी। 2013 में आई इस किताब में उन्होंने कई दावे किए। मां आनंद शीला ने अपनी किताब में लिखा कि : (१) मुंबई स्थित मेरे चाचा के बंगले के ठीक सामने ही रजनीश का घर था। इसलिए उनसे मुलाकात की मेरी इच्छा जल्द ही पूरी हो गई। जब मैं रजनीश के घर गई तो वह सफेद कपड़ों में बैठे थे। उनके ठीक पीछे एक छोटी सी टेबल थी जिस पर कई किताबें पड़ी थीं। उनकी कुर्सी के सामने दो पलंग थे। वह जब मुझसे मिले तो कुछ क्षणों तक उन्होंने मुझे अपने सीने से लगाए रखा। उस समय मुझे एक अद्भुत व आनंद का अनुभव हुआ। इसके बाद आहिस्ता-आहिस्ता उन्होंने मुझे छोड़ा और फिर मेरा हाथ पकड़ लिया। मेरे सिर को अपनी गोद में रखा। इसके बाद उन्होंने मेरे ...